Kavitayan — words that bloom in the space between thought and feeling.
ज़िंदगी की राहों पर चलते हुए जब उम्मीदें और हकीकत टकराती हैं, तो जो मौन बचता है,। सुनिए जीवन के उन अनकहे सच को जो हर मोड़ पर एक नए फ़रेब की तरह सामने आते हैं। आपकी महफ़िल में पेश है मेरी यह नई पेशकश।
यह कविता आत्म-नियंत्रण और समर्पण के बीच के द्वंद्व (conflict) को दर्शाती है। कवि यहाँ एक ऐसे व्यक्ति या याद की बात कर रहे हैं जिसने उनकी अनुमति के बिना उनके अंतर्मन में प्रवेश कर लिया है।
यादों और अपनापन महसूस कराने वाली एक कविता